Hindi Shayari

मैं भूल चूका हु उड़ना मुझे आज़ाद ना कर

Haare Hue Insaan Ki Shayari

 

उजड़ी हुई दुनिया को तू आबाद ना कर,
बीते हुए लम्हों को तू याद ना कर,
एक कैद परिंदा का है तुमसे यही कहना
मैं भूल चूका हु उड़ना मुझे आज़ाद ना कर।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *